हरिद्वार,
वेलफेयर एसोसिएशन के तत्वाधान में भारत रत्न डॉ. भीमराव अम्बेडकर की 135वीं जयंती एवं प्रतिभा सम्मान समारोह का भव्य आयोजन डॉ. भीमराव अम्बेडकर भवन, सेक्टर-1, भेल में बड़े हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ बुद्ध वंदना के साथ किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में श्री संतोष कुमार गुप्ता (महाप्रबंधक मानव संसाधन, भेल) उपस्थित रहे। वहीं अतिविशिष्ट अतिथि के रूप में श्री पंकज कुमार रावत (अपर महाप्रबंधक एवं संपर्क अधिकारी), वरिष्ठ अधिवक्ता श्री बलराज मलिक (सुप्रीम कोर्ट) एवं विशिष्ट अतिथि डॉ. राखी पंचोला (विभागाध्यक्ष, राजनीति विज्ञान, एमडीएम पीजी कॉलेज, डोईवाला) ने शिरकत की। कार्यक्रम की अध्यक्षता एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री अरविंद कुमार ने की, जबकि संचालन श्री मुकेश कुमार एवं श्री रविकांत बन्चु ने संयुक्त रूप से किया।
एसोसिएशन के महासचिव श्री रविंद्र कुमार ने संगठन की उपलब्धियों को साझा करते हुए समाज को एकजुट होकर बाबा साहब के बताए मार्ग पर चलने का आह्वान किया। अम्बेडकर भवन के सचिव श्री नितेश दाबड़े ने निर्धन परिवारों के बच्चों को निशुल्क शिक्षा उपलब्ध कराने और व्यवस्थाओं को और सुदृढ़ करने पर जोर दिया।
शिक्षा सहभागिता के संरक्षक श्री आर.एल. व्यास ने नवोदय एवं सैनिक स्कूलों में हो रहे चयन पर प्रसन्नता जताते हुए शिक्षकों के योगदान की सराहना की। श्री पंकज रावत ने समाज की एकता को उन्नति का आधार बताते हुए आयोजकों की सराहना की।
वरिष्ठ अधिवक्ता श्री बलराज मलिक ने अपने संबोधन में सामाजिक कुरीतियों के उन्मूलन और संविधान की रक्षा हेतु एकजुट होने का आह्वान किया। वहीं डॉ. राखी पंचोला ने महिलाओं की शिक्षा और जागरूकता को समाज की प्रगति का मूल आधार बताया।
मुख्य अतिथि श्री संतोष कुमार गुप्ता ने बाबा साहब से प्रेरणा लेकर शिक्षा को सर्वोपरि रखने की बात कही तथा भेल प्रबंधन की ओर से हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। इस अवसर पर 50 से अधिक प्रतिभाशाली बच्चों एवं कर्मचारियों को मोमेंटो एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के अंत में अध्यक्ष श्री अरविंद कुमार ने संविधान के प्रचार-प्रसार पर बल देते हुए सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया और उपस्थित जनों को धम्म भोज ग्रहण करने के लिए आमंत्रित किया।
इस सफल आयोजन में एसोसिएशन के अनेक सदस्यों एवं समाजसेवियों का महत्वपूर्ण सहयोग रहा, जिनकी सक्रिय भागीदारी से कार्यक्रम गरिमामय एवं प्रेरणादायक बन सका।


